सोशल मीडिया की दुनिया से एक बेहद दुखद और चौंकाने वाली खबर सामने आई है। महज 26 साल की उम्र में मशहूर मराठी सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर और कंटेंट क्रिएटर प्रतीमेश कदम का निधन हो गया। उनके अचानक चले जाने की खबर ने न सिर्फ उनके परिवार और दोस्तों को, बल्कि लाखों फॉलोअर्स और प्रशंसकों को भी गहरे सदमे में डाल दिया है।

प्रतीमेश कदम ने बहुत कम उम्र में सोशल मीडिया पर अपनी अलग पहचान बनाई थी। उनके डांस और कॉमेडी रील्स खासतौर पर युवाओं के बीच बेहद लोकप्रिय थे। उनकी वीडियो में एक मासूमियत, सहज हास्य और ज़मीन से जुड़ा अंदाज़ दिखता था, जो सीधे लोगों के दिलों को छू जाता था। यही वजह थी कि देखते ही देखते वह मराठी सोशल मीडिया स्पेस का जाना-पहचाना नाम बन गए थे।

उनके निधन की पुष्टि उनके करीबी दोस्त और साथी कंटेंट क्रिएटर तनमे चंद्रमोहन पाटेकर ने की। तनमे ने इंस्टाग्राम पर प्रतीमेश के साथ बिताए पलों की तस्वीरें साझा करते हुए एक बेहद भावुक श्रद्धांजलि पोस्ट लिखी। उन्होंने मराठी भाषा में लिखा, “तू नेहमीच आमच्या आठवणीत राहशील प्रतीमेश. देवाच्या घरी स्वतःची काळजी घे. शब्दांत सांगता येणार नाही इतकी तुझी उणीव भासेल.” इस पोस्ट के सामने आते ही सोशल मीडिया पर शोक संदेशों की बाढ़ आ गई।

प्रतीमेश के फैंस को जैसे यकीन ही नहीं हो रहा था कि उनका चहेता क्रिएटर अब इस दुनिया में नहीं रहा। कई लोगों ने उनकी पुरानी वीडियो शेयर करते हुए लिखा कि उन्होंने मुश्किल समय में उन्हें हंसाया, उनका तनाव कम किया और ज़िंदगी को हल्का महसूस कराया। एक फैन ने लिखा, “आपकी रील्स देखकर हम अपने सारे गम भूल जाते थे, अब आप ही हमें रुलाकर चले गए।”

मनोरंजन जगत और सोशल मीडिया से जुड़े कई कलाकारों ने भी प्रतीमेश के निधन पर शोक व्यक्त किया। मशहूर गायक संजू राठौड़, जो अपने वायरल गाने ‘शकी शिकी’ के लिए जाने जाते हैं, ने कमेंट करते हुए लिखा, “भावपूर्ण श्रद्धांजली।” कई अन्य क्रिएटर्स ने भी इसे व्यक्तिगत क्षति बताया और कहा कि प्रतीमेश हमेशा मुस्कुराते हुए नजर आते थे, ऐसे में उनका यूं चले जाना समझ से परे है।

हालांकि अब तक प्रतीमेश कदम के निधन की आधिकारिक वजह सामने नहीं आई है, लेकिन सोशल मीडिया पर कई तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं। कुछ लोगों का मानना है कि वह किसी मानसिक या व्यक्तिगत संघर्ष से जूझ रहे थे, जिसे उन्होंने कभी सार्वजनिक नहीं किया। यह बात एक बार फिर उस कड़वी सच्चाई की ओर इशारा करती है कि सोशल मीडिया पर मुस्कुराता चेहरा हमेशा अंदर की तकलीफ को नहीं दिखाता।

आज के डिजिटल युग में कंटेंट क्रिएटर्स पर लगातार कुछ नया और बेहतर करने का दबाव रहता है। लाइक्स, व्यूज़ और फॉलोअर्स की दौड़ में कई बार मानसिक स्वास्थ्य पीछे छूट जाता है। प्रतीमेश का जाना इसी सवाल को और गहरा कर देता है कि क्या हम अपने पसंदीदा क्रिएटर्स की असली ज़िंदगी को समझने की कोशिश करते हैं या सिर्फ उनकी बनाई हुई खुशहाल छवि तक सीमित रहते हैं।

प्रतीमेश कदम सिर्फ एक सोशल मीडिया स्टार नहीं थे, बल्कि वह उन हजारों युवाओं के लिए प्रेरणा थे, जो छोटे शहरों और कस्बों से निकलकर अपने टैलेंट के दम पर पहचान बनाना चाहते हैं। उनकी कहानी यह दिखाती है कि जुनून और मेहनत से कम उम्र में भी बड़ी पहचान हासिल की जा सकती है।

उनके असमय निधन ने उनके चाहने वालों के दिलों में एक ऐसा खालीपन छोड़ दिया है, जिसे भर पाना आसान नहीं होगा। सोशल मीडिया पर आज भी उनकी तस्वीरों और वीडियो के नीचे लोग मोमबत्तियां, टूटे दिल और नम आंखों वाले इमोजी के साथ उन्हें याद कर रहे हैं।

प्रतीमेश कदम भले ही आज हमारे बीच नहीं हैं, लेकिन उनकी हंसी, उनका हुनर और उनकी बनाई यादें हमेशा ज़िंदा रहेंगी। उनकी कहानी हमें यह भी सिखाती है कि हमें अपने आसपास के लोगों की भावनाओं को समझने की कोशिश करनी चाहिए और मानसिक स्वास्थ्य को उतनी ही गंभीरता से लेना चाहिए जितनी शारीरिक स्वास्थ्य को।

ईश्वर उनकी आत्मा को शांति दे और उनके परिवार व दोस्तों को इस अपार दुख को सहने की शक्ति प्रदान करे।