ADC Major Rishabh Singh की इस हरकत ने जीता लोगों का दिल, President Murmu रह गई हैरान! Heart Touching

भारत के राष्ट्रपति का पद सबसे सम्मानित और जिम्मेदारी भरा होता है। इस पद पर बैठे व्यक्ति की सुरक्षा, सुविधा और गरिमा सुनिश्चित करना राष्ट्रपति भवन के कर्मचारियों और खास तौर पर उनके एडीसी (Aide-de-Camp) की जिम्मेदारी होती है।
हाल ही में सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ जिसमें राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और उनके एडीसी मेजर ऋषभ सिंह का एक भावनात्मक और अनुशासन से भरा पल देश की जनता के दिलों को छू गया। यह वीडियो एनआईटी जमशेदपुर के 15वें दीक्षांत समारोह का है, जहाँ राष्ट्रपति मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुई थीं।

इस लेख में हम उस वायरल पल का विश्लेषण करेंगे, मेजर ऋषभ सिंह के समर्पण और अनुशासन पर चर्चा करेंगे, सेना-नेतृत्व के रिश्ते की गहराई को समझेंगे, और आखिर में इस घटना से जुड़े समाजिक संदेश को उजागर करेंगे।

वीडियो का वायरल पल: अनुशासन और संवेदनशीलता

29 दिसंबर 2025 को आयोजित एनआईटी जमशेदपुर के दीक्षांत समारोह में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने छात्रों को राष्ट्र निर्माण में योगदान देने का आह्वान किया। लेकिन इस कार्यक्रम का एक छोटा सा पल पूरे देश का ध्यान खींच रहा है।
वीडियो में दिखता है कि राष्ट्रपति मुर्मू को कुर्सी पर बैठने में थोड़ी असुविधा हो रही थी। तभी उनके एडीसी मेजर ऋषभ सिंह ने तुरंत उनकी ओर ध्यान दिया और उनसे तकिया देने के लिए पूछा।
मुर्मू ने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी, लेकिन मेजर ऋषभ मंच के एक ओर जाकर आयोजकों से तकिया मंगवाने का प्रयास करते नजर आए। वे बार-बार आयोजकों की ओर देखते रहे, इशारों से तकिया मंगवाते रहे।
आखिर में जब तकिया आया, तो उन्होंने फिर से राष्ट्रपति के पास जाकर पूछा, लेकिन मुर्मू ने तकिया लेने से मना कर दिया।

यह वीडियो लाखों बार देखा और शेयर किया जा चुका है। लोग इस पल को मां-बेटे जैसा रिश्ता कहकर सराह रहे हैं। कई यूज़र्स ने लिखा, “मेजर एक अफसर की तरह नहीं बल्कि एक बेटे की तरह उनका ख्याल रखते हैं।”
कुछ ने तो उन्हें नेशनल क्रश तक बता दिया। मेजर की स्माइल और अनुशासन की तुलना बॉलीवुड स्टार्स से की जा रही है। Instagram और Youtube पर वीडियो को लाखों व्यूज मिल चुके हैं।

मेजर ऋषभ सिंह: समर्पण और अनुशासन की मिसाल

मेजर ऋषभ सिंह भारतीय सेना की चार पैरा स्पेशल फोर्सेस के अधिकारी हैं। राष्ट्रपति के एडीसी के रूप में उनकी जिम्मेदारी सिर्फ सुरक्षा तक सीमित नहीं है, बल्कि छोटी-छोटी बातों में उनका ख्याल रखना भी है।
बारिश में छाता थामना, इमोशनल पलों में रुमाल देना, बैठने की सुविधा के लिए तकिया मंगवाना—यह सब उनकी ड्यूटी से कहीं आगे की बात है।
यह उनकी गहरी श्रद्धा, संवेदनशीलता और समर्पण का प्रतीक है।

राष्ट्रपति के साथ कदम-कदम पर रहना, हर छोटी-बड़ी जरूरत को समझना और बिना कहे उसे पूरा करना—यह अनुशासन और समर्पण की सबसे बड़ी मिसाल है।
मेजर ऋषभ सिंह का यह व्यवहार भारतीय सेना की संस्कृति को दर्शाता है, जिसमें अनुशासन, संवेदनशीलता और कर्तव्य बोध सर्वोपरि है।

सेना और नेतृत्व: एक मजबूत बंधन

यह वायरल वीडियो केवल एक भावनात्मक पल नहीं, बल्कि सेना और नेतृत्व के बीच के मजबूत बंधन का प्रमाण भी है।
राष्ट्रपति देश की सर्वोच्च संवैधानिक पद पर हैं, और उनके साथ तैनात एडीसी सेना के अनुशासन और समर्पण का प्रतिनिधित्व करते हैं।
यह रिश्ता सिर्फ औपचारिक नहीं, बल्कि भावनात्मक और इंसानी स्तर पर भी जुड़ा होता है।

सेना के जवान अपने नेतृत्व के प्रति न सिर्फ कर्तव्यनिष्ठ होते हैं, बल्कि उनका सम्मान और सेवा भी दिल से करते हैं।
मेजर ऋषभ सिंह का व्यवहार बताता है कि असली हीरो वे हैं जो छोटी बातों में बड़ा फर्क लाते हैं।
उनकी संवेदनशीलता और तत्परता राष्ट्रपति के प्रति एक बेटे जैसी भावना को दर्शाती है।

सोशल मीडिया की प्रतिक्रिया: देश का हीरो

सोशल मीडिया पर इस वीडियो के वायरल होने के बाद लोगों ने मेजर ऋषभ सिंह को देश का हीरो बताया।
यूज़र्स ने उनकी मुस्कान, अनुशासन और संवेदनशीलता की तारीफ की।
कई ने लिखा, “ऐसे अफसर ही देश की असली ताकत हैं।”
कुछ ने लिखा, “मेजर ऋषभ सिंह राष्ट्रपति का ख्याल एक बेटे की तरह रखते हैं।”

यह प्रतिक्रिया बताती है कि देश की जनता सेना और नेतृत्व के रिश्ते को कितनी अहमियत देती है।
लोगों को ऐसे छोटे-छोटे भावनात्मक पल बेहद प्रेरित करते हैं।
मेजर ऋषभ सिंह की लोकप्रियता अब सिर्फ सेना तक सीमित नहीं, बल्कि आम जनता के दिलों में भी जगह बना चुकी है।

राष्ट्रपति मुर्मू: सरलता और गरिमा की प्रतीक

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू अपनी सरलता, गरिमा और संवेदनशीलता के लिए जानी जाती हैं।
छोटे-छोटे आयोजनों में वे सहज रहती हैं, आम लोगों से जुड़ी रहती हैं।
इस वीडियो में भी उन्होंने तकिया लेने से विनम्रता से मना किया, जिससे उनकी सादगी और आत्मसम्मान झलकता है।

राष्ट्रपति का यह व्यवहार बताता है कि वे हर परिस्थिति में सहज और आत्मनिर्भर हैं।
उनकी गरिमा और सरलता देश के नागरिकों को प्रेरित करती है।

ड्यूटी से आगे: इंसानियत की मिसाल

मेजर ऋषभ सिंह का व्यवहार केवल ड्यूटी तक सीमित नहीं है।
राष्ट्रपति की छोटी-छोटी जरूरतों का ध्यान रखना, उन्हें असुविधा से बचाना, उनकी भावनाओं का सम्मान करना—यह सब इंसानियत की मिसाल है।
सेना के अफसरों की यही खूबी उन्हें आम नागरिकों से अलग बनाती है।

देश के असली हीरो वही हैं जो अपने कर्तव्य के साथ-साथ इंसानियत और संवेदनशीलता भी दिखाते हैं।
मेजर ऋषभ सिंह के इस वायरल पल ने यह साबित कर दिया कि सेना के जवान सिर्फ युद्ध के मैदान में ही नहीं, बल्कि रोजमर्रा की जिंदगी में भी हीरो होते हैं।

नेतृत्व और सेवा का संदेश

यह वीडियो देश के नेतृत्व और सेवा के महत्व को उजागर करता है।
राष्ट्रपति मुर्मू और मेजर ऋषभ सिंह का यह रिश्ता बताता है कि नेतृत्व सिर्फ आदेश देने का नाम नहीं, बल्कि सेवा, सम्मान और संवेदनशीलता का भी है।
नेता और सेवक के बीच का यह बंधन देश को मजबूत बनाता है।

सेना के अफसरों की यही सेवा भावना देश को सुरक्षित और मजबूत बनाती है।
राष्ट्रपति का सम्मान करना, उनकी जरूरतों का ध्यान रखना—यह देश की संस्कृति और परंपरा का हिस्सा है।

सामाजिक संदेश: छोटी बातों में बड़ा फर्क

इस वायरल पल से देश को यह संदेश मिलता है कि छोटी-छोटी बातों में भी बड़ा फर्क आता है।
किसी की सुविधा का ध्यान रखना, उसकी भावनाओं का सम्मान करना, उसकी जरूरतों को समझना—यह सब इंसानियत की निशानी है।
मेजर ऋषभ सिंह का व्यवहार हर नागरिक के लिए प्रेरणा है कि हम अपने आसपास के लोगों का ध्यान रखें, उनकी मदद करें।

देश की सेना सिर्फ सीमाओं की रक्षा नहीं करती, बल्कि नेतृत्व, सेवा और इंसानियत की भी मिसाल पेश करती है।

निष्कर्ष

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और मेजर ऋषभ सिंह का यह वायरल वीडियो सिर्फ एक पल नहीं, बल्कि देश की संस्कृति, सेना-नेतृत्व के रिश्ते, और इंसानियत का प्रतीक है।
मेजर ऋषभ सिंह का समर्पण, अनुशासन और संवेदनशीलता हर नागरिक के लिए प्रेरणा है।
राष्ट्रपति मुर्मू की सरलता और गरिमा देश की महिलाओं और नेताओं के लिए मिसाल है।

यह वीडियो हमें सिखाता है कि असली हीरो वही हैं जो छोटी बातों में बड़ा फर्क लाते हैं।
देश की सेना और नेतृत्व का यह रिश्ता देश को सुरक्षित, मजबूत और संवेदनशील बनाता है।

आपका इस वायरल वीडियो के बारे में क्या कहना है? अपनी राय नीचे कमेंट्स में जरूर साझा करें।
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